स्वतंत्रता दिवस पर चीन ने रंग बदले, कहा- शांति और दोस्ती के साथ आगे बढ़ेंगे

चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने तिब्बत में बॉर्डर इंफ़्रास्ट्रक्चर का निरीक्षण किया है. उनका यह निरीक्षण कई मायनों में महत्वपूर्ण और विरले माना जा रहा है. चीनी मीडिया इसे भारत-चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चल रहे विवाद से जोड़कर देख रहा है.

आधिकारिक समाचार पत्र तिब्बत डेली के हवाले से चीन के सरकारी अख़बार ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि वांग यी ने कहा कि राजनयिक मोर्चा तिब्बत में लोगों के साथ मिलकर राष्ट्रीय सुरक्षा और क्षेत्र में स्थिरता के लिए काम करेगा क्योंकि चीन के संपूर्ण विकास के लिए यह महत्वपूर्ण है.

ग्लोबल टाइम्स की ख़बर के मुताबिक़, इस यात्रा की पृष्ठभूमि जून महीने में भारत-चीन के बीच गलवान घाटी में हुई हिंसा है. गाँवों का निर्माण वांग ने इंफ़्रास्ट्रक्चर के साथ ही सीमाँ क्षेत्र के गाँवों की स्थिति का भी जायज़ा लिया.

भारत के साथ चल रहे सीमा तनाव का ज़िक्र किए बिना विदेश मंत्री ने चीन की मौजूदा कूटनीति के संदर्भ में कहा कि तिब्बत ने बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव के तहत आर्थिक, सीमा क्षेत्रों की स्थिरता, बाहरी सहयोग का हिस्सा बनने में और विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण प्रगति की है.

नेपाल का नाम लेकर उन्होंने कहा की हम नेपाल से तिब्बत तक नेक क्रॉस बॉर्डर इकोनॉमिक कॉरिडोर बना रहे है है. जिसे ट्रांस हिमालयन मल्टी डायमेंशनल कनेक्टिविटी नेटवर्क परियोजना भी कहा जाता है, जिसमें चीन और नेपाल को जोड़ने वाला रेलवे लिंक भी शामिल है.

Share this:

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *